पति क प्रकार

आज मैं आपुं लोगन कें पति नामक प्राणी जकैं पहाडि में बैग कूनी वीक प्रकार बतूं .
१- मांचीन पितीन बैग -
यो प्रकाराक बैग क्वे ले माहौल हो हमेशा माचीन पितीन रूनी . घरवाई अगर पाणि लिबेर आलि तो यो कूनी चहा जै लूनी धें . अगर चाहा लालि तो कौल कि प्यास लागि रै पैली पाणि जै दिनी धें .. गल सुकि रौ .. यो प्रकाराक बैग हमेशा स्यैणि कैं बेअकल समझनी . या तो इनन कैं दाल में लूंण कम लागौल या ज्यादे . गौबी साग बणी होल तो बैगणकि तारीफ कराल और बैगण बणी होल तो गाजर क गुण गाल . मतलब इनर खेर हमेशा अन्यारै रूं . इनन कैं गुस्स सरकार पर आई होल और मैक्याल आपुण च्याल कैं . इनर एक विशेषता यो ले हूं कि यो खुद आपुं कें देखिबेर ले मांची रूनन . पर इनर माचींण कैं नै तो इनरि घरवाई मूख लगूनि ना इनार नानतिन .. इनरि स्यैणि क सोचण हूं .. दै .. को लगू इनन कैं मूख .. तौ तो तसै भाय
२- बुतकार बैग -
यो प्रजातिक बैग जरवत है ज्यादे एक्टिव हूनी . स्यैणि अगर झाडू लगै ले देली तब ले यो दौबारा लगाल . भीतर पन भान कुन आफि संभाल दिनी . बाटपन के होल तो भीतर धरि दयाल .. कबै कबै घरवालि चक्की में लिजांणा लिजी ग्यूं भ्यैर धरि राखलि तो यो बिना पुछिये भीतर धरि आल . . घरवाई खाण पकूण लागि होलि तो बीच में जैबेर लूण चाखण , सलाह दिण इनर पसंदीदा काम भै . आचार घाम में धरण , कपड प्रैस करण उनन कैं टाजण .. टांजि कपड दुबार टांजण .. कबै कबै अलबलाट में पडौसी क ले काम कर दिण इनरि विशेषता भै . इनन कैं घरवाई करी क्वे काम पसंद नि उन ..
३- फसकी बैग -
हमेशा आपुणि तारीफ करण , आपुणै हाथ मैलि धरण फसकी बैगनैकि विशेषता हूं . यो लोग कबै ले दुसरकि नि सुणन .. हमेशा आपुणि कौल . क्वे डबलनैकि बात करौल तो रिजर्व बैंक क गवर्नर बण जाल , क्वे आपुण नानतिनैकि बात कराल तो यो बीच में आपुण गनेल जास च्यालैकि तारीफ करण बैठ जाल . इनर मन बैगनाक बीच कम स्यैणिनाक बीच ज्यादे लागौं . क्वीड करते करते रात बितै दिनी . इनार फसक  सुणबेर गोरु बाछ ले घा खांण छोड दिनी . इनार यो हरकत नाक कारण इनरि स्यैणि ले इनन सीरियसली नै ल्हिनि . .
४- गनेल बैग
- यो प्रजातिक बैगनक एकै काम हूं .. खांण .. इनन कैं तीन टैम खाण दि दिओ बस .. बाकि इनर तरफ बटी दुन्नि जाओ ढूंग में . घर में कि हैरौ .. कि होल इनन कैं के फिकर नै .
५- गुबर बैग
- यो सबसे जोरदार प्रजाति छ . यो स्यैणि कि अघिल चूं ले नै कर सकन . अगर घरवाई नानतिनन कैं ले डांटली तो हात खुट इनार ठन्ड है जानी .अगर स्यैणि कौल हिटो तब हिटाल और बैठौ कौली बैठ जाल . नानतिन इनार पास समस्या लिबेर आल तो यो कूनी आपुणि ईज छै पुछो . इनरि तनखा ले घरवालि कि पासै रूं . बीडि सलाई तैं ले डबल स्यैणी छैं मागण इनरि मजबूरी छ . इनरि योई कमजोरी नैकि वजहैलि इनन पर पुर कब्ज इनरि स्यैणि क हूं .
६- अपजसिल बैग -
 यो प्रजाति क बैग के ले कर दिओ बिचारन कबै ले जस नि मिलन .. अगर यो घरवालि कैं खुश करणा लिजी लाल साडि लाल तो घरवालि कौलि मेर पास तास चार छन .. बजर पडि जालि तुमरि पसंद .. अगर यो दस रुपै किलो साग मण्डी बटी लूनी तो इनर घरवालि गली बटी पांच रुपै किलो खरीदिबेर  इनन मैक्यूण बैठ जालि .  मतलब यो बिचारनक के ले काम घरवालि कैं पसन्द नै .
७- बल्द बैग -
यो प्रकाराक बैग बहुत सीदसाद हुनी .. यो बिचार गोठ में नि बादा भीतरै बादि द्याय .. इनन जसिके धरछा उसरे रूनी . यो बिचारन घरवाई , नानतिन , पास पडौसी , दगडू .. सब के नि समझन .. यो न तो के करनी न के करणकि कोशिश .. अगर इनरि घरवालि नि हो तो यो बिचार भूख मर जाल .. बस भगवानैकि एकै कृपा छ कि इनन कें घरवालि एक्टिव मिलैं .
८- चिमाड बैग -
यस प्रकाराक बैग चमडी जाय पक दमडी न जाय वाल हुनन . न तो खाल न खाँण दयाल . अगर घरवालि साडि मगालि तो रुमाल खरीदबेर लूूनी और कूनी कि ऐल यैलि काम चला . एक किलो आल मगाला तो सौ ग्राम लिबेर पुजाल .. हालांकि इनारन स्यैणि पछिलबाट खूब डबल उडै बेर सब बराबर कर दिनी .
९- सर्वगुण सम्पन्न बैग - . अगर महिला नैकि नजरैलि देखछा तो यस प्रकाराक बैग तो हुनै नहातिन .. उनार नजरन में तो सर्वगुण सम्पन्न या तो उनार भिन ज्यू हुनन या उनार बाबू .  और अगर बैगनाक नजर में देखो तो हर बैग आपु कें सर्वगुण सम्पन्न समझनी .. बाकि हकीकत तो हकीकतै भै .
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आब सब पुरुष लोग आपुण प्रकार बताओ और महिला लोग आपुण उनर प्रकार बताओ .. कमेन्ट करो फटाफट .. तब तक मैं आपुण बार में घरवालि छैं पुछं ..)
#विनोद पन्त #खन्तोली

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