ईजक टेलीफोन

ठन्ठ हुण बैठ गे . गुजरात बटी मोद्दा ईजैलि मोद्दा कैं फोन कर .
मोद्दा - हैलो .. नमस्कार ईजा ..
ईज - बची रये .. ठुल्लो हैजाये चेला .. तेरि ५६ ईंच छाति ६० ईंच हैजो .
मोद्दा - कसि हैरैछी ईजा तू ?
ईज - मी तो ठीकै हैरयूं ईजा .. तु कस हैरौछै ?
मोद्दा - मी ले ठीकै छ्यू .
ईज - नरिया तु पोरबेर एक शाँल लाछिये मेर लिजी . आब उ फाट गो पोथी . कदिनै पाकिस्तान जालै तो एक शाँल और ल्यै दिये . जाड़नाक दिन छन बज्यूण . लाकाड़ पताड़ ले नहातिन आग तापड़तैं . शौल ढगी बेर घाम मैं बैठ रून .. आंग मैं जरा तात लागैली धैं .
मौद्दा - ईजा आब पाकिस्तान जावै नि हौ तपार .. उ नवाज राठ कठु निकलन . उनार दगार म्यार झकौड़ हैगो . पोरु वैं जैबेर कुटि आयूं रनकारन ..
ईज - ठीक करौ त्वील . मैलि त्वेछै पैलियै कौछी तौ रनकार मुख लगूण लैक नहातिन .. तौ तो जि ले बजर पड़न मेर शौल कां बटी आल आब ?
मोद्दा - शौलैकि चिन्ता नै कर ईजा तू . मी तो बिदेश जाते रूं .. कती ले जैबेर वां प्रधानमन्त्री कैं एक धोति दी उन वी स्यैणी लिजी तो शरमा शरमी में एकाद शौल तो देलै ही सही .. बस मी त्यार लीजी भेजि दयूल .
ईज - चेला तु तदुक बिदेश जांछै . के फैद ले हुंछै नै त्वेकै ?
मोद्दा - किले नै ईजा .. मी जाण बखत आदू किलो बाल मिठै लिजानेर भयू . और वापस उण बखत उ लोग मेकैं कम से कम पांच सौ रुपै पिठ्या लगूनेरे भाय . दस दस बीस बीस रुपैं उनार नानतिनाक हाथ में ले धरा तो कुल कट फट करबेर सौ तीनेक रुपैं एक बखताक जाण में बची जानेर भै . बस उ नेपाल जैबेर के फैद नै आय . एक किलो मिसीरि आदू किलो मिठै लिबेर जैरौछ्यूं .. रनकारनैलि उण बखत ग्वाल लगै दे पिठ्या .. आब कि करछ्यूं हाथ लगैबेर उनैरि थालि में धरि आयूं ..
ईज - चेला तदुक जाग जाण में टिकट लेकि मस्त लागन हुन्योल .. कि करछै ?
मोद्दा - ईजा . हवाई जहाजाक सब कन्डक्टर म्यार पछ्याणाक भै .. पैलि बटी चाहा पीणा लिजी म्यारे पास ऊंछी . मेछैं टिकटाक डबल क्वे नि ल्हिन . उसके के साठ साल बटी मैलि वालन कें रोडबेजाक जहाज में टिकट नै लागन . सरकारैलि माफ करि राखौ .
ईज - चेला सरकार तो तु आफी भये .
मोद्दा - क्याप कूंछी ईजा तू ले . यो भारत छ . यां मेर हैबेर ले ठुल सरकार छन . सब आपुण मनाक सरकार छन . यां तो घर घर कुड़ी कुड़ी सरकार छन .
ईज - होय चेला तस तो तू ठीकै कूण लागि रौछै .. ( अचानक फोन में टूं टूं हुण बैठ गे . मोद्दा ईजैलि दुबारा फोन मिलाय . मोद्दा फोन में गीद बाजण लागि भै - मुसाफिर हूं यारो . ना घर है ना ठिकाना .. मुझे चलते जाना है .. बस चलते जाना ..)
मोद्दा - हैलो ..
ईज - फोन कटि गोछी ईजा ...
मोद्दा - होय ईजा ..उ मी तुर्की पुजि गेयू ऐल .. यां टावर कम छन .. यां प्रधानमन्त्री दगाड़ जरा द्वि फसक मारि बेर आदू घण्ट बाद जापान जूल . जापान पुजी बाद त्वेकैं दुबारा मी करू यां बटी फौन .. ऐल काटि दी ईजा .
ईज - अच्छा ईजा ..
( फोन कट जां )

Comments

Post a Comment

Popular posts from this blog

टमाटर प्याज

पहाडि होटल

अपुड्याट